पटना, 30 नवम्बर (पटना डेस्क) ठंड ने दस्तक दी नहीं कि पटना जू प्रशासन ने जानवरों और पक्षियों की सुरक्षा के लिए विशेष इंतज़ामों की झड़ी लगा दी। जू के नाइट हाउस में खिड़कियों पर पुआल और मोटे पर्दे चढ़ा दिए गए हैं, ताकि सर्द हवा का एक झोंका भी अंदर न घुस सके। शेर और बाघ के बाड़ों में हीटरों की गर्माहट उनके रात्री सहारे बन चुकी है, जबकि सांपों के केज हाई वोल्टेज बल्बों से जगमगाते हुए गर्म वातावरण बनाए हुए हैं।

जानवरों के भोजन में भी मौसम के मुताबिक बदलाव किया गया है। मांसाहारी प्रजातियों को मांस के साथ अंडे दिए जा रहे हैं, ताकि उनकी बॉडी वॉर्म रहे। चिंपांज़ी और बंदरों को च्यवनप्राश और आंवला मुरब्बा खिलाया जा रहा है। पक्षियों के लिए फल के साथ मूंगफली और चना मेन्यू में जोड़ा गया है, जबकि मोरों को अतिरिक्त तौर पर अंडे उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
जू प्रशासन के अनुसार, ठंड के मौसम में जानवरों को विशेष देखभाल की जरूरत होती है। इसी वजह से शेर–बाघ के नाइट हाउस में लकड़ी के प्लेटफॉर्म बनाए गए हैं, ताकि उन्हें ठंडे फर्श पर न बैठना पड़े। खुले मैदान वाले जानवरों हिरण, जिराफ आदि के लिए मैदान में पुआल बिछा दिया गया है। छोटे शावकों को केयर टेकर द्वारा बोरे का खोल पहनाकर गर्म रखा जा रहा है।
जानवरों के पीने और नहाने के लिए भी गर्म पानी की व्यवस्था की गई है। उन्हें हल्का गुनगुना, नमक मिला पानी दिया जा रहा है। उधर, पक्षियों के पिंजरों को किनारों से कपड़ों से ढक दिया गया है और अंदर मिट्टी-पुआल से छोटे-छोटे नाइट हाउस तैयार किए गए हैं, जहां वे आराम से सर्द रातें गुज़ार सकें। सांपों को कंबल तक मुहैया कराए गए हैं, जिन पर वे गर्माहट समेटे सुस्ताते नजर आ रहे हैं।

