
पटना, 26 दिसम्बर (पटना डेस्क) जमीन से जुड़ी परेशानियों को कम करने के उद्देश्य से नीतीश सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। इसी कड़ी में बिहार के राजस्व मंत्री सह उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा लगातार जिलों का दौरा कर रहे हैं। अगले महीने जनवरी 2026 में वे भागलपुर पहुंचकर राजस्व मामलों की समीक्षा बैठक करेंगे।

इसकी तैयारी को लेकर समीक्षा भवन में राजस्व विभाग के प्रधान सचिव सीके अनिल की अध्यक्षता में मंगलवार को अहम बैठक हुई।बैठक में जिलाधिकारी ने पीपीटी के माध्यम से दाखिल-खारिज मामलों की स्थिति रखी। रिपोर्ट के अनुसार 75 दिनों से अधिक पुराने 1716 और 35 दिनों से ज्यादा पुराने 1575 आवेदन लंबित हैं। डीएम ने बताया कि सभी अंचलाधिकारियों को दो से तीन दिनों में मामलों के निष्पादन के निर्देश दिए गए हैं। प्रधान सचिव ने कहा कि भूमि बंटवारे के मामलों को भी राजस्व महाअभियान के तहत 20 दिसंबर से स्वीकृति दी गई है।

प्रधान सचिव ने विशेष रूप से एससी-एसटी, विधवा और गंभीर बीमारी से पीड़ित आवेदकों के मामलों का त्वरित निपटारा करने का निर्देश दिया। परिमार्जन प्लस की समीक्षा में 5632 मामले लंबित पाए गए। लेफ्ट आउट जमाबंदी, ई-मापी, अभियान बसेरा-2 और राजस्व अभियान की समीक्षा के दौरान नए डिप्लोमा अमीन को अनुभवी अमीन के साथ कार्य करने की सलाह दी गई।राजस्व अभियान की समीक्षा में 31 दिसंबर तक शत प्रतिशत कापी स्कैन करने का लक्ष्य तय किया गया।

सरकारी जमीन के म्यूटेशन को 90 दिनों में पूरा करने, हल्कावार लैंड बैंक बनाने और पांच एकड़ से अधिक सरकारी भूमि चिन्हित करने के निर्देश दिए गए। सभी अंचलाधिकारियों को 14 जनवरी तक अतिक्रमण हटाने को कहा गया।

