
पटना, 12 जनवरी (पटना डेस्क) पटना एयरपोर्ट पर रविवार देर शाम चिकित्सा व्यवस्था की बदहाली एक बार फिर उजागर हो गई, जब समय पर इलाज नहीं मिलने से एक महिला यात्री की जान चली गई। बेगूसराय की रहने वाली 61 वर्षीय निर्मला देवी की तबीयत बोर्डिंग से पहले अचानक बिगड़ गई, लेकिन एयरपोर्ट पर डॉक्टर या मेडिकल टीम मौजूद नहीं थी।

एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार, साहेबपुर कमाल निवासी चंद्रशेखर सहनी की पत्नी निर्मला देवी स्पाइसजेट की फ्लाइट एसजी-337 से मुंबई जाने वाली थीं। उनकी फ्लाइट शाम 7:30 बजे थी और वे दोपहर करीब 3 बजे ही एयरपोर्ट पहुंच गई थीं। करीब 4:30 बजे प्रस्थान क्षेत्र में उनकी तबीयत अचानक खराब हो गई। महिला दर्द से छटपटाती रहीं, लेकिन तत्काल चिकित्सा सहायता नहीं मिल सकी।स्थिति गंभीर होने पर एयरपोर्ट प्रशासन ने माइक से अनाउंसमेंट कर डॉक्टर को बुलाया। कुछ देर बाद एक यात्री डॉक्टर ने प्राथमिक उपचार और सीपीआर दिया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

शाम 4:50 बजे एंबुलेंस पहुंची और महिला को राजाबाजार स्थित निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां 5:13 बजे डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।एयरपोर्ट निदेशक चंद्र प्रताप द्विवेदी ने माना कि उस समय एयरपोर्ट पर कोई डॉक्टर तैनात नहीं था। पुराने करार की अवधि समाप्त हो चुकी थी और नया करार होने के बावजूद डॉक्टरों की तैनाती शुरू नहीं हुई थी।इस घटना ने पटना एयरपोर्ट पर यात्रियों की सुरक्षा और चिकित्सा सुविधाओं के दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

