नई दिल्ली, 14 नवम्बर (अशोक “अश्क”) पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 21वीं किस्त का करोड़ों किसान बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस बीच एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है, जो किस्त की राशि से जुड़ी है। आम तौर पर सरकार किसानों को साल में तीन बार 2,000–2,000 रुपये की किस्त भेजती है। लेकिन इस बार कुछ किसानों के खातों में 4,000 रुपये आएंगे। आइए समझते हैं पूरी वजह।

पिछले कुछ महीनों में केंद्र सरकार ने फर्जी लाभार्थियों और गलत प्रविष्टियों को हटाने के लिए सख्त कार्रवाई की है। राज्यों को निर्देश दिया गया है कि अगली किस्त जारी करने से पहले आधार-आधारित ई-केवाईसी और भूमि रिकॉर्ड सत्यापन अनिवार्य रूप से पूरा करें। इस साल 20वीं किस्त 2 अगस्त 2025 को जारी हुई थी। इसके बाद उम्मीद जताई जा रही थी कि 21वीं किस्त दिवाली या फिर बिहार चुनाव से पहले आ सकती है, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
कई रिपोर्टों के अनुसार, 21वीं किस्त 14 नवंबर के बाद, यानी बिहार चुनाव की मतगणना के बाद जारी की जा सकती है। हालांकि सरकार की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं हुई है, लेकिन संभावना है कि सभी सत्यापन पूरे होने पर यह किस्त नवंबर के अंत या दिसंबर 2025 की शुरुआत में किसानों के खातों में पहुंच सकती है।
इस साल अगस्त तक लगभग 10 करोड़ किसान योजना के लाभार्थी थे। लेकिन लाखों किसानों की किस्त केवाईसी त्रुटियों या पात्रता संबंधी समस्याओं के कारण रोक दी गई थी। जिन किसानों को तकनीकी कारणों से 20वीं किस्त नहीं मिल पाई, उन्हें अब 21वीं किस्त के साथ बकाया 2,000 रुपये भी दिए जाएंगे।
इसका मतलब है कि ऐसे किसानों के बैंक खातों में एक साथ 4,000 रुपये जमा होंगे 20वीं और 21वीं किस्त का संयुक्त भुगतान। ध्यान रहे, यह लाभ केवल उन किसानों को मिलेगा जिनकी पिछली किस्त किसी गलती या अधूरे सत्यापन की वजह से अटकी थी।

