नई दिल्ली, 31 अक्तूबर (अशोक “अश्क”) भारतीय सेना के दक्षिण-पश्चिमी कमांड के लेफ्टिनेंट जनरल मंजिंदर सिंह ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि भारत पर किसी भी आतंकी हमला अब सीधे युद्ध माना जाएगा। उन्होंने कहा कि ‘न्यू नॉर्मल’ नीति के तहत आतंकवादी घटनाओं पर तुरंत और सख्त जवाब दिया जाएगा। यह नीति 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए बड़े आतंकी हमले के बाद अपनाई गई।

उस दिन आतंकियों ने निर्दोष लोगों को निशाना बनाया, जिसमें कई पर्यटक मारे गए। भारत ने इसका जवाब ऑपरेशन सिंदूर के तहत दिया, जिसमें पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों पर हमला कर भारी नुकसान पहुँचाया गया। इसके बाद ‘न्यू नॉर्मल’ नीति लागू हुई, जिसमें कहा गया कि आतंकवादी हमले को युद्ध के बराबर माना जाएगा।
भारतीय सेना वर्तमान में तीन बड़े अभ्यास कर रही है, जो पाकिस्तान और चीन जैसी खतरनाक स्थितियों से निपटने की तैयारी दिखाते हैं। ये अभ्यास रॉकेट, आर्टिलरी, ड्रोन और संयुक्त कार्रवाई पर केंद्रित हैं। पश्चिमी सीमा पर कच्छ और राजस्थान में 30 अक्टूबर से चल रहे अभ्यास में 20,000 से अधिक जवान हिस्सा ले रहे हैं। इसमें राफेल लड़ाकू विमान, ब्रह्मोस मिसाइल और टी-90 टैंक का उपयोग किया जा रहा है।
लद्दाख में ऊंचाई पर चल रहे अभ्यास में लंबी दूरी की तोपें, ड्रोन झुंड और कमांडो हमले शामिल हैं, जबकि जयपुर और महाजन फायरिंग रेंज में पश्चिमी सीमा की तैयारी के लिए जमीनी कार्रवाई, हवाई हमले और रात के ऑपरेशन पर जोर दिया गया।
लेफ्टिनेंट जनरल सिंह ने कहा कि यह नीति और अभ्यास भारत की तैयारी, शक्ति और एकजुटता को दर्शाते हैं। पाकिस्तान ने इन अभ्यासों के जवाब में अपने फाइटर जेट तैनात कर दिए हैं। भारतीय सेना का संदेश स्पष्ट है कि किसी भी खतरे का सामना करने के लिए वह पूरी तरह तैयार है और आतंकवाद को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

