
पटना, 02 मार्च (अविनाश कुमार) बिहार के वैशाली जिले के अनवरपुर गांव में रविवार को हुए दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। सराय थाना क्षेत्र में एक ही परिवार के चार लोगों की सेप्टिक टैंक की जहरीली गैस से दम घुटने से मौत हो गई। मरने वालों में तीन सगे भाई और एक भतीजा शामिल हैं। यह हादसा तब हुआ जब परिवार के सदस्य एक-दूसरे को बचाने के लिए बारी-बारी से 15 फुट गहरे टैंक में उतरते गए।मृतकों में 46 वर्षीय आनंद कुमार, 24 वर्षीय राहुल कुमार, पंकज कुमार और 18 वर्षीय प्रियांशु कुमार शामिल हैं।

बताया जा रहा है कि राहुल कुमार की शादी महज पांच दिन पहले 24 फरवरी को हुई थी। घर में अभी शादी की खुशियां बाकी थीं, लेकिन इस हादसे ने मातम में बदल दिया।परिजनों के मुताबिक रविवार दोपहर करीब 12 बजे टैंक की सफाई शुरू हुई। सबसे पहले प्रियांशु नीचे उतरा, लेकिन 15 मिनट बाद उसकी आवाज बंद हो गई। बेटे को देखने आनंद कुमार अंदर गए, फिर उनकी भी आवाज थम गई। दोनों के बाहर नहीं आने पर पंकज और राहुल भी उन्हें बचाने नीचे उतरे, लेकिन टैंक में जमा मीथेन और कार्बन मोनोऑक्साइड गैस ने चारों को बेहोश कर दिया।बाहर खड़े परिजनों ने शोर मचाया तो तीन ग्रामीण और अंदर उतरे, वे भी गैस की चपेट में आकर बेहोश हो गए।

सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड के एक जवान ने जान जोखिम में डालकर टैंक में उतरकर सभी को रस्सी से बांधा, जिसके बाद उन्हें बाहर निकाला गया।सभी को हाजीपुर सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने चार को मृत घोषित कर दिया। तीन ग्रामीणों की हालत गंभीर बनी हुई है। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और जांच शुरू कर दी है।गांव में सन्नाटा पसरा है। नई-नवेली दुल्हन के हाथों की मेहंदी सूखी भी नहीं थी कि उसका सुहाग उजड़ गया। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बिना सुरक्षा उपकरण के सेप्टिक टैंक की सफाई न करें और प्रशिक्षित कर्मियों की मदद लें।

