
पटना, 15 जनवरी (पटना डेस्क) बिहार की राजनीति में नया सियासी मोड़ आते हुए AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने नीतीश सरकार को समर्थन देने को लेकर बड़ा और सनसनीखेज बयान दिया है। ओवैसी ने साफ कहा कि वह सरकार को समर्थन देने के लिए तैयार हैं, लेकिन इसके लिए उनकी एक अहम शर्त है—सीमांचल को उसका हक मिलना चाहिए।बिहार विधानसभा चुनाव में AIMIM ने सीमांचल क्षेत्र से पांच सीटों पर जीत दर्ज की है।

जीत के बाद ओवैसी ने मौर में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए सीमांचल की उपेक्षा का मुद्दा जोरशोर से उठाया। उन्होंने कहा कि आखिर कब तक विकास का सारा काम पटना और राजगीर तक ही सीमित रहेगा। सीमांचल की जनता को अब न्याय मिलना चाहिए।ओवैसी ने आरोप लगाया कि सीमांचल आज भी नदी कटाव, भीषण बाढ़, भारी पलायन और भ्रष्टाचार जैसी गंभीर समस्याओं से जूझ रहा है। दशकों से यह इलाका सरकारी उपेक्षा का शिकार रहा है, लेकिन अब हालात बदलने चाहिए।

उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि समर्थन तभी मिलेगा, जब सरकार सीमांचल के विकास को प्राथमिकता देगी।AIMIM प्रमुख ने यह भी ऐलान किया कि वे अपने पांचों विधायकों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखेंगे। विधायक सप्ताह में दो दिन कार्यालय में बैठेंगे, लाइव लोकेशन साझा करेंगे और हर छह महीने में क्षेत्र का दौरा करेंगे। राजनीतिक हलकों में ओवैसी के इस बयान को सत्ता समीकरण बदलने वाला माना जा रहा है।

