पटना, 19 दिसम्बर (पटना डेस्क) बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में एनडीए की ऐतिहासिक जीत के बीच महागठबंधन को करारी हार झेलनी पड़ी, लेकिन पूर्वी चंपारण की ढाका विधानसभा सीट का परिणाम अब भी सियासी गलियारों में तूफान मचाए हुए है। यहां जीत और हार का अंतर इतना मामूली रहा कि चुनाव परिणाम घोषित होते ही विवाद खड़ा हो गया।

राजद प्रत्याशी फैसल रहमान ने बीजेपी उम्मीदवार पवन जायसवाल को महज 178 वोटों से शिकस्त दी थी।परिणाम के तुरंत बाद बीजेपी प्रत्याशी ने फर्जी वोटिंग के गंभीर आरोप लगाए थे। अब इस मामले ने कानूनी मोड़ ले लिया है। पवन जायसवाल ने हाई कोर्ट में याचिका दायर कर चुनाव परिणाम को चुनौती दी है। याचिका दाखिल होते ही ढाका सीट पर चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है और आम लोग सवाल पूछ रहे हैं कि क्या यहां दोबारा विधानसभा चुनाव होगा?बीजेपी प्रत्याशी की याचिका में आरजेडी विधायक फैसल रहमान को मुख्य प्रतिवादी बनाया गया है। वहीं रिटर्निंग अधिकारी, जिलाधिकारी, मुख्य निर्वाचन अधिकारी पटना और चुनाव आयोग को सहायक प्रतिवादी बनाया गया है।गौरतलब है कि ढाका सीट पर मुकाबला बेहद कड़ा रहा। फैसल रहमान को कुल 1,12,727 वोट मिले, जबकि पवन जायसवाल को 1,12,549 वोटों से संतोष करना पड़ा। तीसरे स्थान पर जन सुराज के डॉ. एलबी प्रसाद रहे, जिन्हें मात्र 8,347 वोट मिले। अब सबकी निगाहें कोर्ट के फैसले पर टिकी हैं, जो ढाका की सियासत की दिशा तय करेगा।

