
पटना, 08 फरवरी (अविनाश कुमार) बिहार के उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने शनिवार को सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट कर दिया कि सोमवार से जो भी अंचल अधिकारी और राजस्व अधिकारी अपने कार्यस्थल से अनुपस्थित पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध कठोर अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी। मंत्री के इस बयान से राजस्व महकमे में हड़कंप मच गया है।

पत्रकारों से बातचीत में उपमुख्यमंत्री ने बताया कि सोमवार को प्रधान सचिव सी.के. अनिल एवं सचिव जय सिंह वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के साथ बैठक कर जमीनी स्थिति की समीक्षा करेंगे। उन्होंने दो टूक कहा कि सरकार काम करने वाले ईमानदार और मेहनती अधिकारियों के सम्मान में कोई कमी नहीं करेगी।विजय सिन्हा ने कहा कि 05 फरवरी की शाम ही राजस्व सेवा से जुड़े सभी अंचल और राजस्व अधिकारियों से तत्काल अपने-अपने कार्यस्थलों पर लौटने का आह्वान किया गया था। सरकार उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने के लिए प्रतिबद्ध है।

इसी उद्देश्य से तीन सदस्यीय समिति गठित की जा रही है, जो अधिकारियों के कार्य, अधिकार एवं दायित्वों पर विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगी। इसके बावजूद बड़ी संख्या में अधिकारी अब तक काम पर नहीं लौटे हैं, हालांकि कुछ ने योगदान दिया है।उपमुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि एग्रीस्टैक महाअभियान, ई-मापी महाअभियान और राजस्व महाअभियान को सर्वोच्च प्राथमिकता पर पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि इन अभियानों का सीधा लाभ आम जनता को मिलेगा, इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।उन्होंने सभी हल्का कर्मचारियों से अपील की कि वे किसी भी बहकावे में न आएं और जनता के विश्वास पर खरा उतरें। 31 मार्च तक तय सुधार लक्ष्यों की उपलब्धि से सभी को लाभ मिलेगा। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि कृषि मंत्री रहते हुए बेहतर कार्य पर कृषि समन्वयकों के वेतन में रिकॉर्ड वृद्धि की गई थी। यही अवसर अब राजस्व कर्मियों के पास भी है।

