नई दिल्ली, 14 अक्तूबर (अशोक “अश्क”) बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर महागठबंधन में सीट बंटवारे का विवाद अब सुलझता नजर आ रहा है। सूत्रों के अनुसार, महागठबंधन में आरजेडी को 135, कांग्रेस को 61, वीआईपी को 16 और वामपंथी दलों को 31 सीटें देने पर सहमति बन गई है। हालांकि, कुछ सीटों को लेकर आरजेडी और कांग्रेस के बीच टकराव अभी भी बरकरार है।

तेजस्वी यादव के दिल्ली से लौटने के बाद बातचीत ने रफ्तार पकड़ी है। लेकिन अब भी कई सीटों पर यह तय नहीं हो पाया है कि किस पार्टी का उम्मीदवार चुनाव लड़ेगा। वीआईपी को 16 सीटें दी गई हैं, जिनमें से कई पर आरजेडी और कांग्रेस के उम्मीदवार लड़ सकते हैं, लेकिन चुनाव चिन्ह वीआईपी का ही रहेगा।
महागठबंधन में मुख्यमंत्री पद का चेहरा तेजस्वी यादव ही होंगे। हालांकि, उपमुख्यमंत्री पद को लेकर अब तक कोई फैसला नहीं हुआ है और यह चुनाव परिणाम के बाद तय किया जाएगा।
बैठक के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी की गैरमौजूदगी ने भी सियासी अटकलें बढ़ा दी हैं। माना जा रहा है कि राहुल गांधी ने तेजस्वी यादव से फोन पर बातचीत की है, जबकि कांग्रेस नेता वेणुगोपाल से तेजस्वी की मुलाकात हुई है।
इस बीच आरजेडी और माले ने कुछ उम्मीदवारों को पार्टी सिंबल भी सौंप दिए थे, लेकिन सीट बंटवारे पर अंतिम मुहर न लगने के चलते उन्हें वापस बुला लिया गया है।
ऐसे में गठबंधन की औपचारिक घोषणा में अभी थोड़ा समय लग सकता है, लेकिन जल्द ही तस्वीर पूरी तरह साफ होने की उम्मीद है।

