
पटना, 30 जनवरी (सेंट्रलडेस्क) वर्तमान प्रतिस्पर्धात्मक शैक्षणिक माहौल में केवल तकनीकी ज्ञान ही सफलता की गारंटी नहीं रहा। आज के दौर में प्रभावी संचार कौशल और वैश्विक भाषाओं में दक्षता छात्रों के शैक्षणिक व व्यावसायिक भविष्य के लिए अनिवार्य हो गई है। इसी जरूरत को समझते हुए गया के राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में स्थापित आधुनिक लैंग्वेज लैब छात्र-छात्राओं के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रही है और भाषा शिक्षण को नई दिशा दे रही है।कॉलेज प्रबंधन द्वारा स्थापित यह लैंग्वेज लैब हिंदी और अंग्रेजी भाषाओं में समावेशी तरीके से भाषा कौशल विकसित करने का सशक्त माध्यम बन गई है।

यहां छात्र-छात्राएं पारंपरिक रटंत पद्धति से हटकर इंटरैक्टिव वातावरण में सीख रहे हैं, जिससे उनकी झिझक कम हो रही है और आत्मविश्वास बढ़ रहा है।लैंग्वेज लैब का उद्देश्य श्रवण, वाचन, पठन और लेखन कौशल को विकसित करना है। दक्ष प्राध्यापकों के मार्गदर्शन में रोल प्ले, विषय प्रस्तुति, वाद-विवाद, टेड टॉक, रिफ्लेक्शन राइटिंग जैसी गतिविधियों के जरिए छात्रों को वास्तविक जीवन के संचार से जोड़ा जा रहा है। यह लैब कक्षा और वास्तविक जीवन के बीच सेतु का काम कर रही है। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एच.के. सिंह ने बताया कि सॉफ्टवेयर आधारित डिजिटल कक्षा संचालन से विद्यार्थियों की गतिविधियों की निगरानी, व्यक्तिगत मार्गदर्शन और समूह चर्चा संभव हो पाती है। यहां उच्चारण, बोलने की स्पष्टता और एडजस्टेबल स्पीड के माध्यम से अभ्यास कराया जाता है।

साथ ही लैंग्वेज ऐप के जरिए जापानी, जर्मन और फ्रेंच जैसी विदेशी भाषाओं का भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है।प्राचार्य ने कहा कि यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप समग्र और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की दिशा में संस्थान को कौशल विकास का उत्कृष्ट केंद्र बना रही है, जो छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखेगी।

