
पूर्णिया:-18 अगस्त(राजेश कुमार झा)पेपरलेस जमीन निबंधन को लेकर चल रही सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है.जिसको लेकर बिहार के सभी 38 जिलों में आज से पेपर लेस जमीन निबंधन शुरू कर दिया गया है.बताते चलें कि बिहार में जमीन की निबंधन प्रक्रिया मैन्युअल हुआ करती थी.उसके बाद जमीन निबंधन में कंप्युटर का इस्तेमाल हुआ.उसके बाद जमीन निबंधन की प्रक्रिया ऑनलाइन होने लगी.लेकिन अब जमीन निबंधन की पूरी प्रक्रिया अब पूरी तरह पेपरलेस होगी.जिससे अब किसी भी तरह की कोई भी गलती या फ्रॉड होने की संभावना बिल्कुल ही नहीं हो सकेगी. दूसरी तरफ जमीन निबंधन में डीड राइटर्स की भूमिका अब नहीं के बराबर होगी. इसके चलते अब जमीन निबंधन करवाने में जो नाजायज़ रुपये खर्च होते थे.वो अब नहीं होंगे.इसको लेकर जिले के सभी डीड राइटर्स अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए है. बातचीत में डीड राइटर्स ने बताया कि सरकार पेपरलेस रजिस्ट्री को बंद करे.क्योंकि ये अभी लोगों की समझ से बाहर है.दूसरी तरफ जिला सब रजिस्ट्रार उमा शंकर मिश्र बताते है कि पेपरलेस रजिस्ट्री आमजनों के लिए बहुत ही बेहतर आधार है. अब कोई भी आमजन ई-निबंधन पोर्टल में जाकर अपनी आईडी बनाकर अपने जमीन की रजिस्ट्री स्वयं कर सकते है.इसके लिया अब किसी भी जमीन बेचने एवं खरीदने वालों को किसी बिचौलिये की जरूरत नहीं पड़ेगी.
जानें कैसे होगा पेपरलेस जमीन निबंधन
पेपरलेस जमीन निबंधन के लिए जमीन खरीदने एवं बेचनेवालों को सबसे पहले ई-निबंधन पोर्टल में जाकर अपनी एक आईडी बनानी होगी.जो बिल्कुल ही एक आसान तरीका है.सबसे पहले आप ई-निबंधन पोर्टल में जाकर जमीन खरीदने एवं बेचने वालों का नाम एवं आधार संख्या डालकर अपनी आईडी बना लें.
-उसके बाद आप अपने जमीन का पूरा ब्यौरा डालें.जैसे:जमीन का खाता, खेसरा,रकवा,मौजा,थाना एवं पंचायत का नाम डालें. इसके बावजूद भी अगर आपको किसी भी तरह की परेशानी हो रही हो तो आप अपने नजदीकी निबंधन कार्यालय से संपर्क कर अपनी परेशानियां दूर कर सकते है.
बताते चलें कि पेपरलेस जमीन का निबंधन आज से जिले में शुरू हो चुका है. आज पहले दिन तकरीबन 5 पेपरलेस निबंधन हुआ है. अभी फिलहाल लोगों को थोड़ी बहुत परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है.लेकिन भविष्य के लिए ये पेपरलेस रजिस्ट्रेशन एक वरदान के रूप में दिखाई देगा.
















