
नई दिल्ली, 10 जनवरी (सेंट्रल डेस्क) भारतीय रेलवे ने ट्रेन समय सारिणी 2026 के तहत यात्रियों को बड़ी सौगात देते हुए देशभर में रेल सेवाओं का ऐतिहासिक विस्तार किया है। नई समय सारिणी में जहां 122 नई ट्रेनें शुरू की गई हैं, वहीं 549 ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाकर यात्रा समय में बड़ा सुधार किया गया है। इसके साथ ही 86 ट्रेनों का विस्तार, 8 ट्रेनों के फेरे बढ़ाने और 10 ट्रेनों को सुपरफास्ट में तब्दील करने का फैसला लिया गया है, जिससे रेल नेटवर्क पहले से कहीं अधिक तेज और भरोसेमंद बनेगा।

मध्य रेलवे जोन में 4 नई ट्रेनें शुरू की गईं, 6 का विस्तार हुआ और 30 ट्रेनों की गति बढ़ाई गई। पूर्व तटीय रेलवे को 4 नई ट्रेनें मिलीं, 4 सेवाओं का विस्तार हुआ और 3 ट्रेनों की रफ्तार बढ़ी। पूर्व मध्य रेलवे में सबसे व्यापक बदलाव देखने को मिला, जहां 20 नई ट्रेनें शुरू की गईं, 20 का विस्तार और 12 ट्रेनों की गति में सुधार किया गया। पूर्व रेलवे में 6 नई ट्रेनें, 4 विस्तार और 32 ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाई गई।उत्तर रेलवे जोनों में भी जोरदार बदलाव हुए। उत्तर रेलवे में 20 नई ट्रेनें, 10 विस्तार और 24 ट्रेनों की गति बढ़ी, जबकि उत्तर पश्चिम रेलवे ने 12 नई ट्रेनें जोड़कर 89 ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाने का रिकॉर्ड बनाया। दक्षिण पश्चिम रेलवे ने सभी जोनों में सबसे अधिक 117 ट्रेनों की गति बढ़ाकर नया कीर्तिमान स्थापित किया। दक्षिण रेलवे में 6 नई ट्रेनें शुरू हुईं और 75 ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाई गई।नई समय सारिणी में प्रीमियम, मेल-एक्सप्रेस और पैसेंजर सेवाओं का संतुलित समावेश किया गया है।

कुल 122 नई ट्रेनों में 26 ‘अमृत भारत’, 60 मेल/एक्सप्रेस, 28 वंदे भारत, 2 राजधानी, 2 जन शताब्दी, 2 हमसफर और 2 नमो भारत रैपिड रेल सेवाएं शामिल हैं। इनमें से कई ट्रेनें टीएजी-टीओडी मॉडल के तहत शुरू की गई हैं।यात्रा समय घटाने के लिए 549 ट्रेनों की गति 5 मिनट से लेकर 60 मिनट से अधिक तक बढ़ाई गई है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, यह कदम समयपालन, परिचालन दक्षता और कनेक्टिविटी को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। कुल मिलाकर, ट्रेन समय सारिणी 2026 भारतीय रेलवे के तेज, आधुनिक और यात्री-केंद्रित भविष्य की मजबूत तस्वीर पेश करती है।

