
पटना, 18 फरवरी (अविनाश कुमार) राज्य सरकार ने सरकारी जमीन पर कब्जा जमाने वालों के खिलाफ बड़ा अभियान चलाने का ऐलान किया है। विधान परिषद में बुधवार को उपमुख्यमंत्री सह भूमि एवं राजस्व मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने स्पष्ट कहा कि अतिक्रमण के विरुद्ध सरकार पूरी तरह गंभीर है और सभी जिलों को अतिक्रमणवाद दायर करने के लिए आईडी-पासवर्ड उपलब्ध करा दिए गए हैं।

वे सदस्य संजीव कुमार सिंह के तारांकित प्रश्न का उत्तर दे रहे थे, जिसमें सरकारी जमीन पर बढ़ते अतिक्रमण पर चिंता जताई गई थी। मंत्री ने बताया कि अब तक 4130 मामलों का निष्पादन किया जा चुका है। हालांकि फिलहाल इस मुद्दे पर किसी विशेष कानून का प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।वहीं, सदस्य नीरज कुमार के अल्पसूचित प्रश्न पर मंत्री ने कहा कि बकाश्त भूमि से जुड़े मामलों के निष्पादन के लिए कमेटी गठित की गई है।

यह अत्यंत संवेदनशील विषय है, इसलिए बिना समुचित अध्ययन के कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा। उन्होंने साफ किया कि जब तक बकाश्त भूमि को रैयती भूमि का दर्जा नहीं मिलेगा, तब तक व्यावसायिक निर्माण के लिए संपरिवर्तन संभव नहीं है। शहरी क्षेत्रों में बकाश्त भूमि का संपरिवर्तन लागू नहीं है।उधर, नगर विकास मंत्री अशोक चौधरी ने सुझाव दिया कि शहरी निकायों में सफाई सामग्री की कीमतों में एकरूपता लाने के लिए नई नीति बनाई जाए, ताकि खर्च में पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके।

