गोपालगंज, 9 अक्तूबर (निज संवाददाता) बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी पवन कुमार सिन्हा ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया की पारदर्शिता,निष्पक्षता और शुचिता सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।गुरुवार को समाहरणालय सभागार में आयोजित जिला स्तरीय बैठक में जिलाधिकारी ने सभी नोडल अधिकारियों को सिंगल विंडो सिस्टम, सी-विजिल ऐप, डायल 1950 हेल्पलाइन,व्यय मॉनिटरिंग प्रणाली सहित कई व्यवस्थाओं की जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि सिंगल विंडो सिस्टम के तहत राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों को विभिन्न अनुमति फर्स्ट कम,फर्स्ट सर्व’ के सिद्धांत पर दी जाएंगी।डीएम ने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल या व्यक्ति को बिना सक्षम पदाधिकारी की अनुमति के सभा,जुलूस,धरना या प्रदर्शन करने की अनुमति नहीं होगी। लाउडस्पीकर का उपयोग रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक वर्जित रहेगा,जबकि धार्मिक स्थलों का उपयोग राजनीतिक प्रचार में करने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक संपत्ति पर पोस्टर, बैनर या दीवार लेखन पाए जाने पर संपत्ति विरूपण अधिनियम 2010 के तहत कार्रवाई की जाएगी। सोशल मीडिया पर भ्रामक सूचना या चुनावी प्रोपेगेंडा फैलाने वालों पर भी सख्त निगरानी रखी जाएगी।चुनावी व्यय की निगरानी के लिए निर्वाचन व्यय कोषांग गठित किया गया है। प्रत्याशियों के लिए अधिकतम व्यय सीमा 40 लाख रुपये निर्धारित की गई है।जिलाधिकारी ने सभी राजनीतिक दलों और नागरिकों से आचार संहिता के पालन और शांतिपूर्ण मतदान में सहयोग की अपील की।

