हिंदी दिवस पर पूर्णिया में कृषि नवाचार का नया अध्याय – केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री श्री रामनाथ ठाकुर ने मखाना क्रांति और किसान सशक्तिकरण पर दिया संदेश

पूर्णिया, 14 सितम्बर (राजेश कुमार झा) हिंदी दिवस के अवसर पर भोला पवन शास्त्री कृषि महाविद्यालय (BPSC), पूर्णिया राष्ट्रीय कृषि विमर्श का केंद्र बना, जहाँ भारत सरकार के माननीय केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री रामनाथ ठाकुर ने छात्रों, वैज्ञानिकों और किसानों के साथ संवाद किया। कार्यक्रम का मुख्य फोकस था मखाना को वैश्विक सुपरफूड बनाने, उच्च मूल्य कृषि और तकनीकी नवाचार को अपनाने पर, ताकि पूर्वी भारत की कृषि अर्थव्यवस्था को नई दिशा दी जा सके। यह आयोजन बिहार कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू), सबौर के माननीय कुलपति डॉ. डी.आर. सिंह के दूरदर्शी नेतृत्व और अनुसंधान निदेशक एवं मखाना विकास योजना के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) डॉ. ए.के. सिंह के रणनीतिक मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।


छात्रों को संबोधित करते हुए माननीय मंत्री ने कहा, “वैज्ञानिक खेती से कम पानी और कम लागत में अधिक उत्पादन संभव है। तकनीक और नवाचार के साथ जुड़कर बिहार कृषि निर्यात का वैश्विक केंद्र बन सकता है और किसान अपनी आय दोगुनी कर सकते हैं। हिंदी दिवस हमें याद दिलाता है कि मातृभाषा में दिया गया ज्ञान सीधे ग्रामीण भारत के हृदय तक पहुँचता है।”
डॉ. डी.आर. सिंह, कुलपति, बीएयू सबौर, “हिंदी दिवस पर कृषि और तकनीक का यह संगम ऐतिहासिक है। श्री ठाकुर जी का आगमन हमारे इस संकल्प को मज़बूती देता है कि मखाना को वैश्विक सुपरफूड बनाने, जीआई आधारित ब्रांडिंग और किसान-केंद्रित नवाचार को बढ़ावा देने में बिहार कृषि विश्वविद्यालय अग्रणी भूमिका निभा रहा है। हमारा लक्ष्य पूर्वी भारत को उच्च मूल्य कृषि का प्रमुख केंद्र बनाना है, जिससे ग्रामीण समृद्धि और खाद्य सुरक्षा दोनों सुनिश्चित हों।”
यह कार्यक्रम जलवायु-सहिष्णु और बाजार-उन्मुख कृषि के प्रति बीएयू सबौर की प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण है। फसल विविधीकरण, प्रिसिजन फार्मिंग और वैल्यू-चेन विकास से जुड़े प्रोजेक्ट्स को डॉ. जनार्दन प्रसाद, डॉ. एम.के. ठाकुर, डॉ. अखिलेश झा, डॉ. सुनील कुमार और डॉ. उमेश शर्मा जैसे वरिष्ठ वैज्ञानिकों ने प्रदर्शित किया।
भोला पवन शास्त्री कृषि महाविद्यालय, पूर्णिया में बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर के नेतृत्व में आयोजित यह ऐतिहासिक समारोह विज्ञान, परंपरा और किसानों की समृद्धि को जोड़ने का राष्ट्रीय मानक स्थापित करता है। हिंदी दिवस 2025 पर यह साबित हुआ कि घरेलू अनुसंधान और मातृभाषा आधारित विस्तार से मखाना क्रांति को नई गति देकर ग्रामीण भारत को सशक्त बनाया जा सकता है, जिससे बिहार की कृषि अर्थव्यवस्था वैश्विक स्तर पर नई पहचान बनाएगी।

More From Author

‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ का धमाकेदार समापन: अक्षय कुमार बनेंगे होस्ट, सिद्धू करेंगे जजिंग

भारत गौरव ट्रेन से करें चार ज्योतिर्लिंग व स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का दर्शन

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

loader-image
Weather
Patna, IN
12:50 am, May 7, 2026
temperature icon 21°C
Patchy light rain with thunder
Humidity: 88 %
Pressure: 1008 mb
Wind: 8 mph
Wind Gust: 12 mph
Clouds: 100%
Visibility: 2.5 km
Sunrise: 5:09 am
Sunset: 6:23 pm
  • Temperature
  • Precipitation
  • Rain Chance
  • Wind
  • Humidity
  • Pressure
1:00 am
temperature icon
21°/28°°C 0 mm 0% 7 mph 63% 1006 mb 0 cm
4:00 am
temperature icon
27°/28°°C 0 mm 0% 5 mph 52% 1007 mb 0 cm
7:00 am
temperature icon
30°/34°°C 0 mm 0% 6 mph 42% 1008 mb 0 cm
10:00 am
temperature icon
35°/37°°C 0 mm 0% 6 mph 25% 1007 mb 0 cm
1:00 pm
temperature icon
37°/38°°C 0 mm 0% 8 mph 18% 1004 mb 0 cm
4:00 pm
temperature icon
35°/38°°C 0 mm 0% 6 mph 18% 1003 mb 0 cm
7:00 pm
temperature icon
32°/34°°C 0 mm 0% 6 mph 28% 1005 mb 0 cm
12:00 am
temperature icon
28°/29°°C 0 mm 0% 13 mph 46% 1006 mb 0 cm