
पटना, 19 फरवरी (अविनाश कुमार) राज्य के ग्रामीण इलाकों की तस्वीर बदलने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए ग्रामीण कार्य विभाग ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 11,312.18 करोड़ रुपये का विशाल बजट प्रस्तावित किया है। बुधवार को विधानसभा में भोजनावकाश के बाद सरकार की ओर से जवाब देते हुए ग्रामीण कार्य मंत्री अशोक चौधरी ने यह ऐतिहासिक घोषणा की।

मंत्री ने बताया कि गांवों के आधारभूत ढांचे को मजबूत और विस्तारित करने के लिए व्यापक कार्ययोजना तैयार की गई है। सड़क निर्माण में विभाग पर्यावरण संरक्षण और आधुनिक तकनीक के उपयोग में भी अग्रणी भूमिका निभा रहा है। अब तक ‘वेस्ट प्लास्टिक’ और ‘ग्रीन टेक्नोलॉजी’ के माध्यम से 7,214 किलोमीटर सड़कों का निर्माण किया जा चुका है, जिससे कार्बन उत्सर्जन में कमी आई है। सड़कों के किनारे हरियाली बढ़ाने के लिए 6 लाख 40 हजार पौधे लगाए गए हैं।सरकार की महत्वाकांक्षी योजना सात निश्चय-3 के तहत ग्रामीण पथों को चरणबद्ध तरीके से 5.5 मीटर चौड़ा कर इंटरमीडिएट लेन बनाया जाएगा।

इससे प्रखंड, अनुमंडल और जिला मुख्यालयों को राष्ट्रीय एवं राज्य उच्च पथों से जोड़ा जाएगा। विभाग ने विशेष मोबाइल ऐप से सर्वेक्षण पूरा कर लिया है। पहले चरण में 1,887.86 किलोमीटर लंबी 595 सड़कों का भौतिक सत्यापन हो चुका है।वहीं मुख्यमंत्री ग्राम संपर्क योजना के अवशेष कार्यों के तहत 3,000 किलोमीटर नई सड़कों का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत 300 किलोमीटर सड़क और 300 नए पुल बनाए जाएंगे।निर्माण गुणवत्ता को विश्वस्तरीय बनाने के लिए 480 सहायक अभियंताओं को आईआईटी पटना में विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। साथ ही पंचवर्षीय अनुरक्षण में पारदर्शिता हेतु ‘फेसलेस स्वशासी आधुनिक तकनीक’ भी जल्द लागू की जाएगी।

