
गोपालगंज,टीएन मिश्रा। जिले के लिए गर्व की बात है कि बैकुंठपुर विधानसभा क्षेत्र के खजुहट्टी गांव निवासी युवा शोधार्थी ऋषभ देव शुक्ल का चयन अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित एशिया पैसिफिक यूथ कॉन्फ्रेंस के लिए हुआ है। वह इस मंच पर बिहार का प्रतिनिधित्व करेंगे। ऋषभ देव शुक्ल,महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय के शोधार्थी हैं और मंगल देव नारायण शुक्ला के पुत्र हैं। उनका चयन ऐसे समय में हुआ है जब वैश्विक स्तर पर जलवायु परिवर्तन,उद्यमिता और नीति-निर्माण जैसे विषयों पर देश में गंभीर चर्चा हो रही है।
यह सम्मेलन 29 से 31 मई 2026 के बीच नेपाल के कोहलपुर में आयोजित होगा,जिसमें एशिया-प्रशांत क्षेत्र के 22 देशों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। इस मंच पर युवा नेतृत्वकर्ता क्लाइमेट चेंज, ग्रीन एंटरप्रेन्योरशिप व पॉलिसी डायलॉग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श करेंगे।
सम्मेलन के दौरान ऋषभ देव शुक्ल पॉलिसी,गवर्नेंस और लोकल इकॉनमी पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। उनका फोकस इस बात पर रहेगा कि किस प्रकार स्थानीय स्तर पर अर्थव्यवस्था को मजबूत कर, नीतिगत सुधारों और जन-भागीदारी के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों का सतत विकास सुनिश्चित किया जा सकता है। वे बिहार के संदर्भ में सुशासन और सामुदायिक सहभागिता के मॉडल को भी अंतरराष्ट्रीय मंच पर साझा करेंगे। इस सम्मेलन का आयोजन कोहलपुर यूथ क्लब नेटवर्क द्वारा, कोहलपुर म्युनिसिपैलिटी के सहयोग से किया जा रहा है। इसका उद्देश्य युवाओं को क्लाइमेट एक्शन के प्रति जागरूक करना,ग्रीन इनोवेशन को बढ़ावा देना और विभिन्न क्षेत्रों के बीच सहयोग को मजबूत करना है। इस तीन दिवसीय सम्मेलन में प्रतिभागियों को क्लाइमेट चेंज,उद्यमिता और नवाचार से जुड़ा व्यावहारिक ज्ञान दिया जाएगा। साथ ही इंटरैक्टिव वर्कशॉप,पैनल चर्चा और डायलॉग सेशंस के जरिए उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों से सीखने का अवसर मिलेगा। प्रतिभागी नेटवर्किंग,मेंटरशिप और स्टार्टअप विकास के अवसरों की भी तलाश करेंगे। कार्यक्रम के तहत सांस्कृतिक आदान-प्रदान और बांके नेशनल पार्क की विज़िट भी शामिल है। ऋषभ के चयन की खबर जैसे ही गोपालगंज पहुंची,पूरे जिले में खुशी की लहर दौड़ गई। स्थानीय लोगों और शिक्षा जगत से जुड़े व्यक्तियों ने इसे न केवल ऋषभ की व्यक्तिगत उपलब्धि बताया,बल्कि बिहार की प्रतिभा को वैश्विक मंच पर पहचान मिलने का प्रतीक भी माना।

