पटना, 1 सितम्बर (अशोक “अश्क”) बिहारवासियों को आने वाले सप्ताह में बारिश से राहत तो मिलेगी, लेकिन उमस और गर्मी लोगों को परेशान कर सकती है। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में अगले सात दिनों तक बारिश की गतिविधियों में कमी आएगी, जिससे अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होने की संभावना है। इसके साथ ही राज्य में आद्रर्ता की मात्रा 97 प्रतिशत तक पहुंचने के कारण गर्मी और उमस का मिला-जुला असर लोगों को अधिक बेचैनी महसूस कराएगा।
हालांकि बारिश की गतिविधि सीमित रहेगी, लेकिन उत्तर बिहार के कुछ एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश और ठनका गिरने की संभावना बनी हुई है।

मौसम विभाग ने सोमवार के लिए उत्तर-पश्चिमी और उत्तर-मध्य जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इस अलर्ट के तहत इन क्षेत्रों में मेघगर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चल सकती है।
रविवार को राज्य के अधिकांश शहरों में न्यूनतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी और अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, कुछ जिलों में बारिश भी हुई। औरंगाबाद में सबसे अधिक 24.5 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। पूर्णिया में राज्य का सर्वाधिक तापमान 35.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि मोतिहारी में सबसे कम 24.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। वहीं अरवल में हवा की गति 31 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई।
राजधानी पटना में भी मौसम का मिजाज बदलता हुआ नजर आ रहा है। सोमवार को शहर में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश तथा ठनका गिरने की संभावना है। रविवार को सुबह राजधानी के कुछ इलाकों में बूंदाबांदी हुई और आसमान में हल्के बादल छाए रहे।
इस दौरान पटना का अधिकतम तापमान 34.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिसमें 0.8 डिग्री की गिरावट देखी गई। वहीं न्यूनतम तापमान में 0.3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई और यह 29.1 डिग्री पर दर्ज किया गया। पटना में आद्रर्ता की मात्रा 74 प्रतिशत रही, जिसके कारण दोपहर के समय लोगों को चिपचिपी गर्मी और असहजता का अनुभव हुआ।
कुल मिलाकर आने वाले दिनों में राज्य में बारिश की कमी जरूर होगी, लेकिन इससे राहत नहीं मिलने वाली, क्योंकि बढ़ता तापमान और बढ़ी हुई नमी मिलकर गर्मी का एहसास और बढ़ा देंगे। ऐसे में मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है।

