सुपौल, 11 सितंबर (राजेश झा) शहर स्थित बबुजन विशेश्वर बालिका उच्च माध्यमिक (+2) विद्यालय, सुपौल के विशिष्ट शिक्षक डा. रणधीर कुमार राणा ने कहा कि विद्यालय स्तर पर कक्षा में शिक्षकों को एक रचनात्मक शिक्षक की भूमिका में रहना उनके उत्कृष्ट शिक्षण कौशल को प्रदर्शित करता है। अपने कक्षा में इस रचनात्मक और आनंदपूर्ण तकनीक का शत-प्रतिशत उपयोग करते हैं और अपने शिक्षण को अधिक प्रभावी बनाने के लिए अपनाए गए तरीके, जैसे कि कहानी सुनाना, कला, खेल, उदाहरण आदि, आनंदपूर्ण सीखने की तकनीक को प्रदर्शित करते हैं।

डा. राणा ने कहा आनंदपूर्ण सीखने की तकनीक के लाभ बढ़ती रुचि: आनंदपूर्ण सीखने की तकनीक छात्रों को विषय के प्रति अधिक रुचि लेने में मदद करती है।
सुधारित समझ यह तकनीक छात्रों को विषय को बेहतर ढंग से समझने में मदद करती है।बढ़ती प्रेरणाआनंदपूर्ण सीखने की तकनीक छात्रों को सीखने के लिए प्रेरित करती है।सकारात्मक अनुभव यह तकनीक छात्रों को सीखने के अनुभव को सकारात्मक बनाने में मदद करती है।डा. राणा ने कहा आनंदपूर्ण सीखने की तकनीक के तरीके गेम-आधारित शिक्षा,गेम्स का उपयोग करके सीखने की प्रक्रिया को रोचक बनाया जा सकता है।प्रोजेक्ट-आधारित शिक्षा प्रोजेक्ट्स के माध्यम से छात्रों को सीखने का अवसर प्रदान किया जा सकता है।वास्तविक जीवन के वास्तविक जीवन के उदाहरणों का उपयोग करके सीखने की प्रक्रिया को अधिक प्रासंगिक बनाया जा सकता है।इंटरैक्टिव गतिविधियाँ इंटरैक्टिव गतिविधियों का उपयोग करके छात्रों को सीखने में शामिल किया जा सकता है।
निष्कर्षआनंदपूर्ण सीखने की तकनीक एक शक्तिशाली उपकरण है जो छात्रों को सीखने के लिए प्रेरित करती है और उन्हें विषय के प्रति अधिक रुचि लेने में मदद करती है। यह तकनीक छात्रों को सीखने के अनुभव को सकारात्मक बनाने में मदद करती है और उन्हें अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने में सहायता करती है।

