बक्सर,14 सितंबर,(विक्रांत) कला और संस्कृति के पुजारी सह रेलवे विभाग के अधिकारी डा. शशिभूषण श्रीवास्तव की याद में शनिवार को श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया स्थानीय नगर के ठठेरी बाजार स्थित उनके आवास पर आयोजित। श्रद्धांजलि सभा में जिले के कई चर्चित राजनीतिक हस्तियों के अलावा प्रबुद्धजनों
ने श्रद्धांजलि सभा और श्राद्धकर्म में हिस्सा लिया।

मौके पर नागरिकों ने नम आंखों से उनके तैल्य चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित किया। देर रात तक डा.श्रीवास्तव को श्रद्धासुमन अर्पित करने वाले लोगों का तांता लगी रही। बाद में उनके पुत्रों उनके याद में गरीबों के बीच अन्न व बस्त्र का दान किया गया। बता दें डा.शशिभूषण श्रीवास्तव दानापुर रेलवे मंडल के प्रधान कार्यालय में एक अधिकारी के पद से अवकाश ग्रहण किया था। उनकी कई माह से तबियत खराब चल रहा था। ईलाज के दौरान उनकी निधन हो गई थी। वे अपने पीछे हरे भरे परिवार छोड़ गए है। उनके पुत्रों में दो पुत्र रविशंकर श्रीवास्तव एवं मुरली मनोहर श्रीवास्तव पेशे से पत्रकार है। सबसे बड़े पुत्र मनोज कुमार श्रीवास्तव पेशे से अधिवक्ता है। एक पुत्र शैलेन्द्र कुमार श्रीवास्तव एक प्राईवेट स्कूल के संचालक एमडी है। दो पुत्र वधु शिक्षिका है।
उन्हें नम आंखों से याद करते हुए दशरथ प्रसाद विद्यार्थी, पत्रकार अरूण कुमार विक्रांत, पत्रकार के.कमलेश ने बताया कि दिवंगत डा.शशिभूषण श्रीवास्तव सच्चे अर्थो में बहुमुखी प्रतिभा के धनी व्यक्ति थे। उनके चेहरे पर हर हालत में मुस्कान बनी रहती थी। गरीबों के प्रति उनकी हमदर्दी बनी रहती थी। उन्होंने रेलवे विभाग में कार्यकाल के दौरान डुमरंाव रेलवे स्टेशन पर नए टेªनों के ठहराव से लेकर डुमरांव रेलवे स्टेशन को माॅडल स्टेशन का दर्जा दिलाने एवं विकास कार्यो में काफी सराहनीय व यादगार योगदान है। स्थानीय नागरिक उन्हेें प्यार से शशि बाबू के नाम से पुकारते
थे।

