नई दिल्ली, 20 सितम्बर (अशोक “अश्क”) धर्मनगरी गया में चल रहे पितृपक्ष मेले के अवसर पर शनिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विष्णुपद मंदिर पहुंचकर अपने पितरों की आत्मा की शांति के लिए पिंडदान किया। राष्ट्रपति के साथ बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान भी मौजूद रहे। गया एयरपोर्ट पर उनकी अगवानी की गई, जहां से वह विशेष सुरक्षा व्यवस्था के बीच विष्णुपद मंदिर पहुंचीं।
राष्ट्रपति का यह दौरा कुछ घंटों का रहा और वे दोपहर 12 बजे दिल्ली के लिए रवाना हो जाएंगी। इससे पहले शुक्रवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी और उनके पुत्र अनंत अंबानी ने भी विष्णुपद मंदिर पहुंचकर पिंडदान किया था। वीवीआईपी आगंतुकों के लगातार आगमन को देखते हुए गया पुलिस-प्रशासन अलर्ट मोड में है।

राष्ट्रपति के आगमन को लेकर गया एयरपोर्ट से विष्णुपद मंदिर तक सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। रूट पर मॉक ड्रिल कर सभी तैयारियों की जांच की गई थी। राष्ट्रपति का काफिला 5 नंबर गेट, घुघड़ीटॉड़ बाईपास और बंगाली आश्रम होते हुए मंदिर पहुंचा। इसी मार्ग से वापसी भी निर्धारित की गई है।
शहर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद है। संवेदनशील इलाकों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। प्रत्येक मूवमेंट पॉइंट पर मजिस्ट्रेट और सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। साथ ही सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन से निगरानी की जा रही है। ट्रैफिक को सुचारू बनाए रखने के लिए कई मार्गों पर वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई गई है। दोमुहान से सिकड़िया मोड़, 5 नंबर गेट से सीटी पब्लिक स्कूल और चांद चौरा से बंगाली आश्रम मार्ग पर आम यातायात बंद है।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की है। बोधगया की ओर से आने-जाने वाले लोग गुलहड़िया चक मोड़, चाकंद रेलवे गुमटी, कुकड़ा मोड़, मेहता पेट्रोल पंप आदि मार्गों का उपयोग कर सकते हैं। चांद चौरा से राजेंद्र आश्रम होते हुए दिघी तालाब मार्ग भी खुला रखा गया है।
गया में पितृपक्ष मेला पूरे श्रद्धा और परंपरा के साथ जारी है और प्रशासन श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है।

