नई दिल्ली, 4 अक्तूबर (अशोक “अश्क”) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को बिहार के लोगों से सचेत रहने की अपील करते हुए कहा कि भारत रत्न जननायक कर्पूरी ठाकुर के सम्मान को चुराने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि कर्पूरी ठाकुर को ‘जननायक’ का सम्मान बिहार की जनता ने उनके सेवा-भाव और समाज के प्रति समर्पण को देखकर दिया है। यह सम्मान केवल कर्पूरी ठाकुर को ही शोभा देता है।

प्रधानमंत्री दिल्ली स्थित विज्ञान भवन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पटना में आयोजित उद्घाटन और शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने जननायक कर्पूरी ठाकुर कौशल विश्वविद्यालय का उद्घाटन किया और साथ ही बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के नए संस्करण, संशोधित ‘मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना’ सहित कई नई योजनाओं की शुरुआत की।
राजद के शासनकाल पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि बिहार से युवाओं का पलायन तब शुरू हुआ जब राज्य में उच्च गुणवत्ता वाले शिक्षण संस्थान नहीं थे। लाखों छात्र-छात्राएं शिक्षा के लिए राज्य से बाहर जाने को मजबूर हुए। उन्होंने बिना नाम लिए कहा कि कुछ पार्टियां आज भी परिवारवाद और कुर्सीवाद में उलझी हुई हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि ऐसी पार्टियों में बेटी द्वारा पिता को किडनी देने जैसी मिसाल भी सम्मान नहीं पा रही।
नीतीश कुमार और एनडीए सरकार की तारीफ करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि राज्य की व्यवस्था जो पहले बिगड़ चुकी थी, उसे पटरी पर लाने का काम एनडीए ने किया है।
गौरतलब है कि 17 अगस्त को कांग्रेस के सोशल मीडिया हैंडल से राहुल गांधी के बिहार दौरे को लेकर एक पोस्ट में उन्हें ‘जननायक’ बताया गया था, जिसे लेकर खूब ट्रोलिंग हुई थी। अब प्रधानमंत्री ने इस मुद्दे को उठाते हुए अप्रत्यक्ष रूप से कांग्रेस और राजद पर तीखा हमला बोला है।

