
पटना, डेस्क। बिहार में गन्ना किसानों की लंबे समय से चली आ रही जल जमाव की समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में राज्य सरकार ने ठोस पहल शुरू कर दी है। बंद पड़ी चीनी मिलों को चालू कराने और 25 नई चीनी मिलें स्थापित करने की योजना के साथ गन्ना उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। इसी क्रम में गन्ना कृषि क्षेत्रों में जल जमाव की समस्या को दूर करने के लिए गन्ना उद्योग विभाग और जल संसाधन विभाग ने संयुक्त कार्रवाई शुरू कर दी है। गन्ना उद्योग विभाग के अनुसार, गन्ना उगाने वाले क्षेत्रों में जल जमाव किसानों के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है, जिससे उत्पादन प्रभावित होता है। इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए जल संसाधन विभाग ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। बुधवार को जल संसाधन विभाग के प्रधान सचिव संतोष कुमार मल्ल की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में जल निकासी और जल प्रबंधन से जुड़ी योजनाओं को तेजी से लागू करने पर जोर दिया गया।बैठक में मनरेगा के तहत योजनाओं के त्वरित क्रियान्वयन और तकनीकी प्रशिक्षण के माध्यम से जल निकासी कार्यों को गति देने का निर्देश दिया गया, ताकि किसानों को जल्द राहत मिल सके और गन्ना उत्पादन में वृद्धि सुनिश्चित हो सके। अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया गया कि जल जमाव वाले क्षेत्रों की पहचान कर प्राथमिकता के आधार पर कार्य शुरू किया जाए। समीक्षा बैठक में प्रधान सचिव के अलावा ईखायुक्त अनिल कुमार झा,अभियंता प्रमुख (बाढ़ नियंत्रण एवं जल निस्सारण) वरुण कुमार,मुख्य अभियंता,गन्ना विभाग के पदाधिकारी और विभिन्न चीनी मिलों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि विभागीय समन्वय के जरिए जल जमाव की समस्या का स्थायी समाधान किया जाएगा, जिससे गन्ना किसानों को राहत मिलेगी और राज्य में गन्ना उत्पादन को नई गति मिलेगी।

