
छपरा, 05 जुलाई।
बिहार के भोजपुर जिले में रविवार को हुए एक भीषण सड़क हादसे ने सारण जिले के सोनपुर को गहरे शोक में डुबो दिया है। शाम होते- होते जब एक साथ चार शव सोनपुर पहुंचा तो हर किसी की आंखें नम हो गई। सारण जिले के नयागांव थाना क्षेत्र अंतर्गत चतुरपुर पंचायत स्थित हरपुरनंद गांव और सोनपुर नगर परिषद के शिक्षक कॉलोनी में चीख- पुकार से पूरी तरह माहौल गमगीन हो गया। जिन घरों में कुछ महीने पहले शादी और खुशियों की शहनाइयां गूंजी थीं, वहां अब एक साथ चार अर्थियों के साथ मातम पसरा हुआ है।
परिजनों ने बताया कि हरपुरनंद गांव निवासी 32 वर्षीय प्रकाश सिंह उर्फ विकास अपनी 28 वर्षीय पत्नी पल्लवी सिंह, फुफेरे भाई 24 वर्षीय सौरभ कुमार तथा 26 वर्षीय गौरव कुमार के साथ हिमाचल प्रदेश के कुल्लू- मनाली से भ्रमण कर लौट रहे थे। स्कॉर्पियो से नोएडा होते हुए अपने कार्यस्थल और घर लौट रहे थे। रविवार को भोजपुर जिले के बिहिया थाना क्षेत्र अंतर्गत अमराई नवादा के समीप तेज रफ्तार स्कॉर्पियो अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े तेल टैंकर के पिछले हिस्से में जा घुसी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि स्कॉर्पियो का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस दर्दनाक हादसे में प्रकाश सिंह, उनकी पत्नी पल्लवी सिंह और सौरभ कुमार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल गौरव कुमार ने पटना के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
एक ही हादसे में चार युवाओं की मौत की खबर जैसे ही सोनपुर पहुंची, पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। सबसे अधिक हृदयविदारक पहलू यह है कि प्रकाश सिंह और पल्लवी सिंह की शादी इसी वर्ष 22 फरवरी 2026 को हुई थी। विवाह के महज चार महीने बाद ही दोनों की जिंदगी एक साथ समाप्त हो गई। जिन सपनों के साथ दोनों ने नए जीवन की शुरुआत की थी, वह सड़क पर हुए एक हादसे में हमेशा के लिए बिखर गए। प्रकाश सिंह निजी दूरसंचार कंपनी जियो में कार्यरत थे और देवघर में पदस्थापित थे। बताया गया कि हादसे के समय वही वाहन चला रहे थे, जबकि पल्लवी आगे की सीट पर बैठी थीं। पीछे की सीट पर सौरभ और गौरव सवार थे।
सूचना मिलते ही बिहिया थाने की पुलिस मौके पर पहुंच कर स्थानीय लोगों की मदद से सभी को बाहर निकाला। शवों का पोस्ट मार्टम कराने के बाद उन्हें परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है। रविवार की देर शाम जब चारों शव सोनपुर पहुंचा तो हरपुरनंद गांव और शिक्षक कॉलोनी में कोहराम मच गया। परिजनों की चीख- पुकार सुनकर वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। बड़ी संख्या में ग्रामीण, रिश्तेदार और शुभचिंतक अंतिम दर्शन के लिए पहुंच शोक संतप्त परिवारों को ढांढस बंधाने का प्रयास करते रहे।
परिजनों ने बताया कि सौरभ कुमार और गौरव कुमार का अंतिम संस्कार रविवार देर शाम सोनपुर के कालीघाट श्मशान घाट पर किया गया। वहीं प्रकाश सिंह और उनकी पत्नी पल्लवी सिंह का अंतिम संस्कार सोमवार को उनके पैतृक गांव हरपुरनंद (चतुरपुर) में किया जाएगा। एक ही हादसे में चार युवाओं की असमय मौत ने न सिर्फ चार परिवारों की खुशियां छीन लीं है, बल्कि पूरे सोनपुर क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है। अब गांव की गलियों में सिर्फ एक ही चर्चा है, काश, यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर नहीं होता।

