समस्तीपुर, 31 अक्तूबर (समस्तीपुर डेस्क) जिले के रोसड़ा प्रखंड क्षेत्र के कई गांवों में किसानों की महीनों की मेहनत पर मौसम की बेरुखी ने पानी फेर दिया है। लगातार दो दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश के कारण खेतों में लगी पकी हुई धान की फसलें चौपट हो गई हैं। खेतों में जलजमाव से तैयार फसलें सड़ने लगी हैं और अगली फसल की बुवाई पर भी संकट गहराता जा रहा है।

मोतीपुर, भिरहा, एरौत, रहुआ और मुरादपुर पंचायतों के किसानों ने बताया कि उन्होंने कड़ी मेहनत और भारी खर्च के बाद धान की फसल तैयार की थी। कई किसानों ने पककर तैयार धान काटकर सुखाने के लिए खेतों में रखा था, लेकिन बारिश ने सब बिगाड़ दिया। स्थानीय किसान रामचंद्र महतो ने बताया, “इस बार पैदावार अच्छी थी, पर बारिश ने सब खत्म कर दिया।”
किसान राम बाबू ने कहा कि खाद, बीज, मजदूरी और सिंचाई पर भारी खर्च हुआ, पर अब सारी फसल खराब हो गई। अगर सरकार मदद नहीं करेगी तो अगली फसल बोना मुश्किल होगा।
मौसम विभाग ने अगले 48 घंटे तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है, जिससे किसानों की चिंता और बढ़ गई है। विशेषज्ञों के अनुसार लगातार नमी रहने से फसल में फफूंदी और अनाज सड़ने का खतरा बढ़ गया है।

