पटना, 04 दिसम्बर (पटना डेस्क) बिहार विधानमंडल के शीतकालीन सत्र के चौथे दिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एकबार फिर सुर्खियों में रहे। राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा की शुरुआत करते हुए उन्होंने नए विधायकों को बधाई दी और बिहार के विकास में “महत्वपूर्ण योगदान” के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नमन किया।

सीएम ने सदन में सभी सदस्यों से हाथ उठाकर प्रधानमंत्री को नमन करने को कहा, लेकिन जब आरजेडी विधायकों ने हाथ नहीं उठाया तो वे भड़क गए। उन्होंने सीधे कहा—“आप लोग क्यों नहीं उठा रहे हैं? आप भी कीजिए… प्रधानमंत्री का धन्यवाद कीजिए।”मुख्यमंत्री ने विपक्ष को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा, “हमने आपको दो बार मौका दिया। विकास के लिए आपके साथ गए, लेकिन आप लोग गड़बड़-झाला करने लगे, तो हमने छोड़ दिया। अब हम इनके साथ हैं, आपके साथ कभी नहीं आएंगे।”सीएम ने दावा किया कि बिहार में विकास के साथ-साथ प्रेम और भाईचारा कायम हुआ है और अब पहले जैसी सांप्रदायिक झड़पें नहीं होतीं। कब्रिस्तानों ही नहीं, बल्कि मंदिरों की घेराबंदी भी कराने से शांति का माहौल बना है।शिक्षा-स्वास्थ्य पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि 2005 के बाद हालात बदले हैं। अस्पतालों में अब मरीजों की संख्या हजारों में पहुँचती है। राज्य भर में 27 नए मेडिकल कॉलेज निर्माणाधीन हैं। PMCH को 5,400 बेड और IGIMS में 3,000 बेड की क्षमता वाला नया ब्लॉक तैयार किया जा रहा है।इंफ्रास्ट्रक्चर पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश के किसी भी कोने से पटना पहुँचने में 6 घंटे लगते थे, अब यह घटकर 5 घंटे रह गया है। BPSC के जरिए 2 लाख 58 हजार शिक्षकों की बहाली पूरी हो चुकी है।कृषि, ऊर्जा और रोजगार पर चर्चा करते हुए सीएम ने बताया कि कृषि रोड-मैप के कारण मछली उत्पादन ढाई गुना बढ़ा है और राज्य आत्मनिर्भर बना है। घरेलू उपभोक्ताओं को बिजली मुफ्त दी जा रही है तथा घरों पर सोलर पैनल लगाने की तैयारी है। अब तक 40 लाख लोगों को रोजगार दिया जा चुका है और अगले पाँच वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।

