
08 जुलाई(राजेश कुमार शर्मा)भारत नेपाल सीमा अररिया;-मोरंग पुलिस के द्वारा आपराधिक संगठन के मुखिया अभिषेक गिरी को बीते 27जून को गिरफ़्तार किया था जिसके बाद एक से एक खुलासे हो रहे गिरफ़्तारी के समय अभिषेक गिरी को पुलिस ने आपराधिक लाभ, संगठित अपराध व सम्पत्ति शुद्धीकरण सम्बन्धी के मामले मे गिरफ़्तार किया था लेकिन अब जाच का दायरा बढ़ाते हुए इस मामले को केंद्रीय अनुसंधान ब्यूरो ने अपने हिरासत मे लेकर भी अनुसंधान चालू कर दिया है ।
मोरंग पुलिस प्रमुख एसपी कवित कटवाल के अनुसार ठगी व आपराधिक विश्वासघात से संबंधित अनुसंधान के लिए गिरी को केंद्रीय अनुसंधान ब्यूरो कि टीम काठमांडू ले गयी है मुख्य रूप से गिरी के द्वारा देश विदेश मे किए गए आर्थिक कारोबार व उससे जुड़े लोग है । जिसमे मुख्य रूप से चार करोड से ज्यादा के घर कि खरीदारी, पत्नी के नाम पर दर्जनों घर जमीन, व्यवसायी के सवारीसाधन कब्जा मे लेने के आरोप का जाच हो रहा है ।
अंतरदेशिय निवेश कि भी हो रही है जाच
पुलिस के अनुसार बिहार के कई लोग भी अनुसंधान के दायरे मे है गिरी के द्वारा इन दो वर्षो मे सीमावर्ती क्षेत्र मे किए गए निवेश, ठेकेदार के जेसीबी सहित अन्य उपकरण को भारत मे रखने टेंडर, केशीनों से जुड़े मामले को लेकर भी जांच होने कि बात कही गयी है केंद्रीय अनुसंधान ब्यूरो के प्रवक्ता अनुपम शमशेर जबरा के अनुसार सात दिन का रिमांड ले कर सभी मुद्दे पर अनुसंधान कर रही है पुलिस के अनुसार प्रत्येक दिन अभिषेक गिरी से पीड़ित व्यक्ति शिकायत दर्ज करवा रहा है जिसमे सबसे ज्यादा बड़े ब्यापारी से लेकर ठेकेदार तक है

