
एक तरफ दिल्ली के जंतर मंतर पर कॉकरोच का प्रदर्शन चल रहा है तो ऐसे समय पर पडोसी देश नेपाल के पत्रकार सह धार्मिक अभियंता कौशल निरौला ने चिंता जताते हुए कहा है कि भारत में हाल के समय में चल रही प्रधानमंत्री मोदी के विरोध की गतिविधियां वास्तव में हिंदू सनातन सभ्यता पर एक सुनियोजित हमला हैं।श्री निरौला कहते है की
यह भारत का आंतरिक मामला होने के बावजूद हम चुप नहीं रह सकते। विगत के दिनों में भारत में जो मोदी विरोधी गतिविधियां हो रही हैं, वे हिंदू सनातन धर्म और सभ्यता पर सीधा आक्रमण हैं। खासतौर पर नेपाल और भारत में रह रहे हिंदू सनातनी भाइ-बहनों पर लगातार हमले के प्रयास जारी हैं।
अभियंता काैशल निराैला ने जोर देकर कहा कि सनातन पर सूक्ष्म रूप से हो रहे इन हमलों को कभी भी सामान्य नहीं लेना चाहिए। उन्होंने दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे मोदी विरोधी आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि इस आंदोलन का नेतृत्व कौन कर रहा है, यह जानना और भी ज्यादा महत्वपूर्ण है।
उन्होंने आगे कहा, जब नेपाल के हिंदू सनातनी भाई-बहन खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं, ठीक उसी समय हिंदू जनसंख्या के सबसे बड़े संरक्षक और नेतृत्वकर्ता के रूप में देखे जाने वाले भारत का अशांत होना बेहद दुखद है। यह छोटी चिंगारि है लेकिन इनका उद्देश्य बेहद भयावह है। धार्मिक अभियंता ने मोदी सरकार से अपील की है कि वे इस पूरे मामले पर पूरी तरह सचेत रहें और जरूरी कदम उठाते हुए निर्मम रुख अपनाएं, ताकि सनातन सभ्यता और हिंदू समाज की रक्षा हो सके।वही नेपाल के हिंदू धार्मिक संगठनों और पत्रकारों के तरफ से एक बयान जारी कर कहा गया है की भारत और नेपाल दोनों देशों के हिंदू समाज को एक साथ आना होगा ।

