
काठमांडू नेपाल,विशेष संवाददाता।नेपाल में मानसूनी बारिश की गतिविधियों के तेज होने के बीच जल एवं मौसम विज्ञान विभाग के अंतर्गत बाढ़ पूर्वानुमान प्रभाग ने देश की कई छोटी नदियों और नदी तंत्रों में अचानक बाढ़ के खतरे को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है। विभाग ने अगले तीन दिनों को संवेदनशील बताते हुए तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। प्रभाग द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के अनुसार मंगलवार को कोशी, नारायणी,बागमती, कर्णाली और महाकाली जैसी प्रमुख नदियों तथा उनकी सहायक धाराओं का जलस्तर फिलहाल सतर्कता स्तर से नीचे बना हुआ है। वहीं कन्काई, कमला,बबई,पूर्वी राप्ती और पश्चिम राप्ती नदियों का बहाव भी अभी सामान्य स्थिति में बताया गया है। हालांकि विभाग ने स्पष्ट किया है कि बड़ी नदियों में तत्काल कोई गंभीर संकट नहीं दिख रहा, लेकिन छोटी नदियों और नालों में अचानक जलप्रवाह बढ़ने की आशंका बनी हुई है। विशेष रूप से झापा,इलाम, पांचथर,ताप्लेजुंग,तेह्रथुम, संखुवासभा,नवलपरासी पश्चिम, रूपन्देही,कैलाली और कंचनपुर सहित आसपास के जिलों से गुजरने वाली छोटी नदियों में जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। बाढ़ पूर्वानुमान प्रभाग ने इन क्षेत्रों में ‘मध्यम जोखिम’ की चेतावनी जारी करते हुए नदी किनारे रहने वाले लोगों को अनावश्यक आवाजाही से बचने और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा है। पूर्वानुमान के अनुसार बुधवार और गुरुवार को कोशी,मधेस, बागमती,गण्डकी और लुम्बिनी प्रदेश से होकर बहने वाली अधिकांश छोटी नदियों में अचानक बहाव बढ़ सकता है। इसके अलावा कर्णाली और सुदूरपश्चिम प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी छोटी नदियों और नालों में जलस्तर बढ़ने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने कहा है कि अगले 72 घंटे संवेदनशील रह सकते हैं और नदी किनारे बसे गांवों व बस्तियों को विशेष सतर्कता अपनाने की जरूरत है

